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कोरबा : विश्व हाथ धुलाई दिवस पर शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों के एक लाख से अधिक बच्चों ने ली स्वच्छता की शपथ

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सीएसईबी फुटबाल ग्राउंड में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित

कोरबा 16 अक्टूबर 14

विश्व हाथ धुलाई के अवसर पर आज सीएसईबी फुटबाल ग्राउंड में आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि सांसद डा. बंशीलाल महतो के मार्गदर्शन में विभिन्न शालाओं के 15 हजार 911 बच्चों ने अपना हाथ साबुन से धोकर स्वच्छ वातावरण के निर्माण में अपना योगदान देते हुए आमजन को भी स्वच्छता के लिये प्रेरित करने की शपथ ली।
    इस अवसर पर मुख्य अतिथि सांसद डा. महतो ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ्य रहने के लिए व्यक्ति को स्वयं की स्वच्छता पर ध्यान देने के साथ-साथ यह आवश्यक है कि अपने परिवेश की स्वच्छता पर भी ध्यान दे। स्वच्छ वातावरण की व्यक्ति के शारीरिक एवं मानसिक विकास में मत्वपूर्ण भूमिका रहती है। उन्होंने हाथ धुलाई के महत्व के बारे में बताते हुए कहा कि हाथ स्वच्छ रखने,  भोजन करने से पहले और शौच के पश्चात हाथों को साबुन से अच्छी तरह से धोने की आदत से बहुत सी संक्रामक बीमारियों से बचा जा सकता है। उन्होने बच्चों को स्वच्छ हाथ-स्वस्थ जीवन अभियान में योगदान देने व अपने मित्रों और परिवार के अन्य सदस्यों को भी इस अभियान में भागीदार बनने प्रोत्साहित करने के लिए प्रेरित किया।
   विधायक श्री लखन लाल देवांगन ने कहा कि बच्चों में स्वच्छता एवं स्वास्थ शिक्षा के माध्यम से स्वच्छता की आदतों को विकसित करना आवश्यक है जिससे वे जीवन पर्यंत उसका पालन कर सकें। उन्होंने कहा कि सभी बच्चों में व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ-साथ सामुदायिक स्वच्छता के प्रति जागरूकता विकसित करना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि स्वच्छ समाज व स्वच्छ वातावरण के धेय को पाने के लिए शासकीय प्रयासों के साथ-साथ हम सभी को सामूहिक रूप से अपना योगदान इस महत्वपूर्ण कार्य में सुनिश्चित करना होगा।
    महापौर श्री जोगेश लांबा ने कहा कि विश्व हाथ धुलाई दिवस पर आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों को हाथ धोने की की बताई गई उपयुक्त विधि का उपयोग स्वयं करना चाहिए तथा अपने स्कूल के दोस्तों और परिवार के सदस्यों व पड़ोसियों को भी इसके संबंध में जानकारी देकर जागरूक करना चाहिए।
    संभागायुक्त श्री सोनमणि बोरा ने बच्चों को स्वच्छता के महत्व के बारे में बताते हुए कहा कि शासन द्वारा स्वच्छता के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने के लिए अनेक प्रयास किए जा रहे हैं। स्वच्छ वातावरण के निर्माण में शासकीय प्रयासों के साथ-साथ हम सभी के समन्वित प्रयास की आवश्यकता है। हम सभी को अपने वातावरण को स्वच्छ रखने में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करना जरूरी है।
     कलेक्टर श्रीमती रीना कंगाले ने बच्चों को स्वच्छता के महत्व व हाथ धोने के लाभ के बारे में बताया। उन्होंने शाला के सभी बच्चों में व्यक्तिगत स्वच्छता, शाला प्रांगण की स्वच्छता, शाला में कार्यरत शिक्षक, शिक्षिकाओं व अन्य कर्मियों में व्यक्तिगत स्वच्छता का पालन, मध्यान्ह भोजन के पूर्व अनिवार्यतः साबुन से हाथ धुलाई की व्यवस्था, शाला में कुड़े-करकट एवं अपशिष्ट जल की उचित प्रबंधन की व्यवस्था करने के संबंध में अधिकारियों को मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि जल स्त्रोतों के आसपास साफ-सफाई कर उन्हे प्रदूषण से बचाने, घरों में शौचालय बनवाने एवं नियमित रूप से शौचालय का उपयोग भी सुनिश्चित करने की दिशा में विशेष प्रयास किया जाना जरूरी है। उन्होंने बच्चों को जनसमुदाय को शौचालय बनाने एवं उसके नियमित उपयोग के लिए आमजन को प्रेरित करने का संकल्प लेने की बात कही।
स्वच्छता रथ को किया गया रवाना- इस अवसर पर मुख्य अतिथि डा. बंशीलाल महतो, विधायक श्री लखनलाल देवांगन, महापौर श्री जोगेश लांबा, संभागायुक्त श्री सोनमणि बोरा, कलेक्टर श्रीमती रीना कंगाले ने हरी झंडी दिखाकर स्वच्छता रथ को रवाना किया। स्वच्छता रथ के माध्यम से जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में आम जन को स्वच्छता के महत्व के संबंध में जागरूक किया जायेगा।
जिले में एक लाख से अधिक बच्चों ने स्वच्छता की शपथ
     उल्लेखनीय है कि विश्व हाथ धुलाई दिवस के अवसर पर जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के एक लाख से अधिक बच्चों ने हाथ धुलाई कर व स्वच्छता की शपथ लेकर स्वच्छ भारत के निर्माण में अपना योगदान सुनिश्चित करने का संकल्प लिया। बच्चों ने शपथ ग्रहण करते हुए कहा कि हम खुले में मल त्याग नहीं करेंगे। हम शौचालय का उपयोग करेंगे और मल त्याग करने के बाद तथा खाना खाने से पहले हमेशा अपने हाथ साबुन से धोएंगे। खुले में मल त्याग समाज के लिए एक अभिशाप है और हम अपने स्कूल, घर और समुदाय से इस रिवाज का उन्मूलन करने के लिए हर संभव कार्य करेंगे। हम अपने स्कूल के दोस्तों, परिवार के सदस्यों और गांव के समुदाय को शौचालयों का निर्माण तथा उन्हें इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित करेंगे। हम उन्हें मल त्याग करने के बाद और खाना खाने से पहले साबुन से हाथ धोने के लिए भी मनाएंगे। स्वस्थ समाज और स्वच्छ वातावरण हमारा ध्येय है। हम इस ध्येय को हासिल करने की शपथ लेते हैं।
कार्यक्रम उपरांत ग्राउंड में साफ-सफाई के लिए किया गया श्रमदान- उल्लेखनीय है कि कार्यक्रम समाप्त होने के उपरांत स्काउट्स, गाइड्स, बच्चों व अधिकारियों कर्मचारियों ने ग्राउंड की साफ-सफाई के लिए श्रमदान किया।
                   कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ श्री भास्कर विलास संदीपन, अपर कलेक्टर श्रीमती हिना नेताम, कायपालन अभियंता पीएचई श्री एम.के.मिश्रा सहित अन्य अधिकारीगण तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, जनप्रतिनिधि व बच्चे उपस्थित थे।
क्रमांक 823/तंबोली

 

Date: 
16 Oct 2014